Home Tags Indian National Congress

Tag: Indian National Congress

5 राज्यों के विधानसभा चुनाव में कांग्रेस ने जीतीं 151 सीट तो भाजपा को मिली केवल 90 सीट !

0

Newbuzzindia: असम, पश्चिम बंगाल, तमिलनाडु, केरल और पुडुचेरी में हुए विधानसभा चुनावों के नतीजों से साफ हो गया है कि कहां पर किसकी सरकार बनने जा रही है। जहां एक ओर असम में कमल खिल गया है, वहीं दूसरी ओर तमिलनाडु और पश्चिम बंगाल में सत्ताधारी पार्टी जीत गई हैं। पीएम मोदी ने भी ममता बनर्जी और जयललिता को फोन करके जीत की बधाई दी है।

वैसे तो चुनाव परिणाम आने के बाद से ही भाजपा में ख़ुशी की लहर दौड़ पड़ी है । असम में पहली बार भाजपा की सरकार बनी है । भाजपा के तमाम बड़े नेता कांग्रेस पर निशाना साध रहे है । कांग्रेस की ओर से भी सोनिया और राहुल गांधी ने चुनाव परिणाम के बाद हार स्वीकार की ।

लेकिन अगर आंकड़ो पर नजर डाली जाए और कांग्रेस और भाजपा में तुलना की जाए तो नतीजा कुछ और ही दिखाई देता है ।

5 राज्यों में हुए चुनाव में भाजपा को मिली कुल सीट है असम-86 + पश्चिम बंगाल-3 + तमिलनाडु-0 + केरल-1 + पॉन्डेचेरी-0 = कुल सीट-90

तो वहीं कांग्रेस ने असम-60 + पश्चिम बंगाल-44 + तमिलनाडु-8 + केरल-22 + पॉन्डेचेरी-17 = कुल सीट-151

असम में सरकार जाने के बाद भी कांग्रेस भाजपा से 61 सीट आगे दिखाई दे रही है । इन आंकडों को अगर 2019 के आम चुनावों के परपेक्ष में देखा जाए तो भाजपा और मोदी के लिए अच्छे संकेत नही है ।

NewBuzzIndia से फेसबुक पे जुड़ने के लिए हमारे फेसबुक पेज को लाइक करें..
**Like us on facebook**
[wpdevart_like_box profile_id=”858179374289334″ connections=”show” width=”300″ height=”150″ header=”small” cover_photo=”show” locale=”en_US”]

मंच पर आए रोबर्ट वाड्रा के रिश्तेदार , कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने किया विरोध !

0

Newbuzzindia: मंगलवार को पुणे में महाराष्‍ट्र कांग्रेस के एक कार्यक्रम में कार्यकर्ताओं ने रॉबर्ट वाड्रा के रिश्‍तेदारों को मंच पर जगह देने पर नाराजगी जाहिर की। कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने महाराष्‍ट्र कांग्रेस के सचिव शहजाद पूनावाला और उनके भाई तहसीन के खिलाफ नारेबाजी की और उन्‍हें बोलने भी नहीं दिया।

इस दौरान सांसद व पूर्व मंत्री शशि थरूर भी मौजूद थे। शहजाद पूनावाला जैसे ही बोलने को खड़े हुए कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने नारेबाजी शुरू कर दी। गौरतलब है कि तहसीन की हाल ही में रॉबर्ट वाड्रा की कजन से शादी हुई है।

उन्‍होंने कहा कि रॉबर्ट वाड्रा से संबंध होने के कारण पूनावाला पार्टी के बड़े नेता नहीं बन सकते। आप लोगों का पार्टी में क्‍या योगदान है।

कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने सोनिया गांधी और राहुल गांधी के समर्थन में नारे लगाए। उन्‍होंने कहा कि कार्यक्रम से पहले स्‍थानीय नेताओं से बात नहीं की गई। साथ ही शहर नेता विश्‍वजीत कदम को इससे दूर रखा गया। लगातार नारेबाजी के बीच शहर कांग्रेस नेता रमेश बागवे ने माहौल को शांत करने की कोशिश की लेकिन कार्यकर्ता नहीं माने।

उन्‍होंने शहजाद पूनावाला को बोलने नहीं दिया।
इसके बाद शशि थरूर ने मोर्चा संभाला और कहा कि किसी नेता की अनदेखी नहीं की गई है। अगर कोई बात नहीं सुनना चाहता है तो वह यहां से जा सकता है। हालांकि शशि थरूर के भाषण के दौरान कार्यकर्ता शांत रहे।

लेकिन माइक जैसे ही तहसीन पूनावाला को दिया गया फिर से नारेबाजी शुरू हो गर्इ। बाद में कार्यकर्ताओं ने दोनों भाइयों के पोस्‍टर भी फाड़ दिए। स्‍थानीय नेताओं ने कहा कि इस तरह से नेतृत्‍व थोपा नहीं जा सकता।

NewBuzzIndia से फेसबुक पे जुड़ने के लिए हमारे फेसबुक पेज को लाइक करें..
**Like us on facebook**
[wpdevart_like_box profile_id=”858179374289334″ connections=”show” width=”300″ height=”150″ header=”small” cover_photo=”show” locale=”en_US”]

यूपी विधानसभा चुनाव : प्रशांत किशोर का मास्टर प्लान तैयार ! कामयाब हुए तो कांग्रेस की जीत पक्की ..

0

Newbuzzindia: उत्तर प्रदेश विधानसभा चुनाव में कांग्रेस की नैया पार करने का जिम्मा लेने वाले चुनावी रणनीतिकार प्रशांत किशोर (पीके) चाहते हैं, प्रदेश में कुर्मी और ब्राह्मण समाज के लोगों को पार्टी से जोड़ा जाए। पीके के जिम्मेदारी संभालने के बाद एक सुगबुगाहट भी तेजी से फैल रही है कि यूपी कांग्रेस में जल्द ही व्यपाक फेरबदल होने वाला है।

बीजेपी में ब्राह्मण अध्यक्ष को हटाए जाने के बाद ब्राह्मणों की नाराजगी को अपने पक्ष में भुनाने के लिए कांग्रेस उन्हें विकल्प देने जा रही है। यूपी कांग्रेस का नया चेहरा किसी ब्राह्मण को बनाए जाने की तैयारी है।

पीके की रणनीति है कि कुर्मी वोट बैंक के साथ अगर ब्राह्मण को भी पाले में कर लिया जाए तो कांग्रेस को यूपी में बड़ी सफलता हाथ लग सकती है। बीजेपी से नाराज ब्राह्मण प्रतिक्रियात्मक तौर पर कांग्रेस के साथ आ सकता है।

पीके अपने प्रबंधन के लिहाज से तीन ब्राह्मण नेताओं के नाम कांग्रेस हाईकमान को सुझाए हैं, लेकिन राहुल गांधी ने किसी नाम पर फिलहाल अपनी मुहर नहीं लगाई है।

पीके ने प्रदेश अध्यक्ष के लिए कमलापति त्रिपाठी के पौत्र राजेशपति त्रिपाठी, पूर्व केंद्रीय मंत्री जितिन प्रसाद और सांसद प्रमोद तिवारी के नाम अध्यक्ष पद के लिए सुझाए हैं। उनका मानना है कि विधानसभा चुनाव जीतने के लिए कांग्रेस को ब्राह्मणों में पैठ बनानी ही होगी।

प्रशांत का तर्क है कि ब्राह्मण समाज का बीजेपी से मोहभंग हो रहा है, लेकिन उसे बेहतर विकल्प नहीं मिलने के चलते वह सपा और बसपा की तरफ जाता रहा है। अगर कांग्रेस खुद को मजबूत विकल्प साबित करे तो ब्राह्मण समाज पार्टी से जुड़ सकता है।

विधानसभा के 2002 के चुनाव में 50 फीसदी ब्राह्मण मतदाता बीजेपी के साथ था, लेकिन 2007 में 44 और 2012 के विधानसभा चुनाव में 38 फीसदी मतदाता ही भगवा के साथ रह गया था। वर्ष 2017 में इसमें और कमी आने की प्रबल आशंका है। सन् 2012 के विधानसभा चुनाव में सपा-बसपा भी 19 फीसदी ब्राह्मण मतदाताओं के वोट पाने में सफल रहे।

पीके का मानना है कि अगर कांग्रेस मजबूत विकल्प साबित हुई तो मुस्लिम मतदाता भी सपा-बसपा से ज्यादा कांग्रेस से स्वाभाविक तौर पर जुड़ जाएगा। पर, पीके की दिक्कत यह है कि उनके हिस्से में अब तक जो दो जीतें आई हैं, वे प्रतिकूल परिस्थितियों में मिली हैं।

NewBuzzIndia से फेसबुक पे जुड़ने के लिए हमारे फेसबुक पेज को लाइक करें..
**Like us on facebook**
[wpdevart_like_box profile_id=”858179374289334″ connections=”show” width=”300″ height=”150″ header=”small” cover_photo=”show” locale=”en_US”]

ऋषि कपूर ने “नेहरू गांधी परिवार” को लिया आड़े हाथ ! जाने क्या कहा ऋषि कपूर ने..

0

Newbuzzindia: हमेशा अपने बयान को लेकर चर्चा में रहने वाले बॉलीवुड अभिनेता ऋषि कपूर एक बार फिस से चर्चा में आ गए हैं। इस बार उनका गुस्सा गांधी परिवार पर निकला है। ऋषि कपूर ने जगहों और संपत्तियों के नाम गांधी या नेहरू से रखे जाने को लेकर गांधी परिवार पर निशाना साधा है। दरअसल देश में कई संपत्तियों पर गांधी का नाम होने से ऋषि कपूर खफा हैं जिसे लेकर उन्होंने अपनी ट्विटर वॉल पर गांधी परिवार के खिलाफ अपनी भड़ास निकाली है।

उन्होंने कहा है कि देश के महत्वपूर्ण जगहों या हिस्सों के नाम उन लोगों के नाम पर होने चाहिएं जिन्होंने हमारे देश के लिए कुछ योगदान किया हो। उनका कहना है कि ज्यादातर संपत्तियों पर गांधी फैमिली का नाम क्यों है? जैसे की इंदिरा गांधी एयरपोर्ट क्यों है महात्मा गांधी क्यों नहीं या भगत सिंह, अंबेडकर भी हो सकता था या फिर ऋषि कपूर भी।

उन्होंने ट्वीट कर कहा है ‘ये कितना छिछला है आप खुद सोचिए।’ ऋषि कपूर ने अपने ट्वीट में कहा कि उन्हें मुंबई फिल्म सिटी का नाम भी काफी खटक रहा है। इसका नाम दिलीप कुमार, देव आनंद, अशोक कुमार या अमिताभ बच्चन के नाम पर भी रखा जा सकता है। हमें देश में महत्वपूर्ण सम्पत्तियों का नाम ऐसे व्यक्तियों के नाम पर रखना चाहिए जिन्होंने देश और समाज में कोई सहयोग दिया हो। हर चीज गांधी फैमिली के नाम पर नहीं होनी चाहिए। मैं इससे सहमत नहीं। आप लोग भी सोचना!’

बांद्रा वर्ली सी लिंक का नाम लता मंगेशकर या जेआरडी टाटा लिंक रोड रख सकते हैं। बाप का माल समझ रखा था? उन्होंने लिखा है ‘जब दिल्ली की सड़कें बदल सकती हैं तो कांग्रेस की संपत्ति या प्रॉपर्टी के नाम क्यों नहीं बदल सकते? राजीव गांधी उद्योग का नाम भी कुछ और हो सकता था। सोचना आप लोग भी।  ऋषि कपूर ने ऐसे कई ट्वीट किए जिसमें उन्होंने गांधी परिवार को आड़े हाथों लिया है।

NewBuzzIndia से फेसबुक पे जुड़ने के लिए हमारे फेसबुक पेज को लाइक करें..
**Like us on facebook**
[wpdevart_like_box profile_id=”858179374289334″ connections=”show” width=”300″ height=”150″ header=”small” cover_photo=”show” locale=”en_US”]

दिल्ली MCD उपचुनाव में कांग्रेस को बड़ी सफलता , आप और भाजपा को नुक्सान !

0

Newbuzzindia: राजधानी दिल्ली में एमसीडी की 13 सीटों पर हुए उपचुनाव की मतगणना जारी है। मतगणना में पहली सीट बीजेपी के नाम रही। इसके बाद बाकी नतीजों का भी दौर शुरू हो गया।

नतीजों से साफ हो गया कि आम आदमी पार्टी ने भले ही सबसे ज्यादा सीटें जीती हो, लेकिन उसका प्रदर्शन वैसा नहीं रहा जैसा कहा जा रहा था। सबसे खास बात ये रही कि कांग्रेस का प्रदर्शन चौंकाने वाला रहा।

उपचुनाव के नतीजों को अगले साल होने वाले एमसीडी चुनाव से पहले सेमिफाइनल के तौर पर देखा जा रहा है। नगर निगम की 13 सीटों पर उपचुनाव में कुल 94 उम्मीदवारों की किस्मत किस करवट बैठेगी ये तय हो जाएगा। अधिकतर सीटों पर आम आदमी पार्टी, बीजेपी और कांग्रेस के बीच त्रिकोणीय मुकाबला माना जा रहा है।

NewBuzzIndia से फेसबुक पे जुड़ने के लिए हमारे फेसबुक पेज को लाइक करें..
**Like us on facebook**
[wpdevart_like_box profile_id=”858179374289334″ connections=”show” width=”300″ height=”150″ header=”small” cover_photo=”show” locale=”en_US”]

वंशवाद राजनीति के खिलाफ भाजपा अध्यक्ष अमित शाह बेटे को राजनीति में उतारेंगे !

0

Newbuzzindia: राजनीति में बीजेपी को ऐसी पार्टी माना जाता रहा है जो वंशवाद की राजनीति का विरोध करती है। हालांकि बीजेपी में ऐसे नेताओं की कोई कमी नहीं जिनके परिजन खुद राजनीति में सक्रिय हैं। इस लिस्ट में अब पार्टी अध्यक्ष अमित शाह का नाम भी जुड़ने वाला है। अमित शाह बीजेपी के राष्ट्रीय अध्यक्ष हैं। पार्टी में उनका दबदबा है। उनका फैसला हर मुद्दे पर आखिरी माना जाता है।

इसी कड़ी में अब अमित शाह के बेटे जय शाह को राजनीति में उतारने की तैयारी की जा रही है। पिछले काफी दिनों से अमित शाह के बेटे का नाम सियासी गलियारों में चर्चा में रहा है लेकिन जय शाह को राजनीति में लॉन्च करने का जरिया अमित शाह क्रिकेट को बनाना चाहते हैं। पार्टी का इंटर वार्ड क्रिकेट टूर्नामेंट कर्नावती प्रीमियम लीग जय शाह के राजनीतिक करियर का लॉन्चिंग प्लेटफॉर्म माना जा रहा है।

इसके पीछे ये तर्क जिया जा रहा है कि इन दिनों देश में आईपीएल का खुमार छाया हुआ है। ऐसे में क्रिकेट के जरिए अमित शाह अपने बेटे को राजनीति की पिच पर उतारना चाहते हैं। हालांकि बीजेपी के बड़े नेताओं ने अभी जय शाह को लेकर औपचारिक रुप से कोई बातचीत नहीं की है। बताया जा रहा है कि जय शाह को काफी लंबे समय से राजनीति में उतारने पर विचार चल रहा था। पार्टी में इसको लेकर सुगबुगाहट साफ देखी जा रही है।

अमित शाह के बेटे जय शाह की दिलचस्पी भी राजनीति में है। वो गुजरात क्रिकेट संघ में खासी पकड़ रखते हैं। बता दें कि गुजरात क्रिकेट संघ के अध्यक्ष खुद अमित शाह हैं। वहीं इस बात को लेकर भी पार्टी विचार कर रही है कि जय शाह के राजनीति में आने के बाद विरोधी उन पर हमला करेंगे। पीएम मोदी अक्सर सार्वजनिक मंचों से कांग्रेस की वंशवादी राजनीति को उखाड़ फेंकने की बात कहते रहते हैं। ऐसे में देखना दिलचस्प होगा कि जय शाह के राजनीति में आने पर बीजेपी को किस तरह के हमलों का सामना करना पड़ता है।

NewBuzzIndia से फेसबुक पे जुड़ने के लिए हमारे फेसबुक पेज को लाइक करें..
**Like us on facebook**
[wpdevart_like_box profile_id=”858179374289334″ connections=”show” width=”300″ height=”150″ header=”small” cover_photo=”show” locale=”en_US”]

सिर्फ दसवीं पास है पीएम मोदी, फर्जी डिग्री मामले मैं जाएंगे जेल !

1

NewBuzzIndia: प्रधानमंत्री मोदी का डिग्री विवाद है की कम होने का नाम ही नही ले रहा है । अभी तक तो आम आदमी पार्टी और कांग्रेस ही नरेंद्र मोदी पर हमला बोल रहे थे लेकिन अब इस लिस्ट में एक नाम और जुड़ गया है ।

केजरीवाल के बाद जो नया नाम इस लिस्ट में जुड़ा है वो है यूपी के कैबिनेट मंत्री आजम खान का । आजम खान ने एक जनसभा में मोदी की डिग्री पर तंज कस दिया. आजम खान ने कहा कि मोदी एम.ए. नहीं सिर्फ दसवीं पास है और उनकी बाकी की डिग्रियां फर्जी हैं.

कानून सबके लिए बराबर, मोदी भी जायेंगे जेल !
एक रैली को संबोधित करते हुए आजम खान ने कहा है की जब अरविन्द केजरीवाल ने अपने ही मंत्री को फर्जी डिग्री के मामले में जेल भिजवाया है तो पीएम मोदी भी क्यों नहीं जायेंगे जेल..? कानून सभी के लिए एक समान होता है.

इसलिए अब प्रधानमंत्री मोदी का भी जेल जाना तय है.

NewBuzzIndia से फेसबुक पे जुड़ने के लिए हमारे फेसबुक पेज को लाइक करें..
**Like us on facebook**
[wpdevart_like_box profile_id=”858179374289334″ connections=”show” width=”300″ height=”150″ header=”small” cover_photo=”show” locale=”en_US”]

उत्तरप्रदेश विधानसभा चुनाव : आगरा से उठी “प्रियंका लाओ कांग्रेस बचाओ” की मांग !

0

Newbuzzindia: प्रियंका गांधी यू.पी. के लिए राइट च्वाइस हैं। यदि वह यू.पी. विधानसभा 2017 में कांग्रेस का चेहरा बनती हैं, तो निश्चित ही जादुई आंकड़े सामने आएंगे।

कांग्रेस के रणनीतिकार प्रशांत किशोर (पी.के.) की अध्यक्षता में लखनऊ में हुए सम्मेलन में पूरी यू.पी. से गए 620 जिला व शहर अध्यक्ष तथा वरिष्ठ नेताओं ने पी.के. के सामने यह बात रखी। पूरे सम्मेलन के दौरान प्रियंका गांधी का नाम बार-बार चर्चा में आता रहा।

हालांकि पी.के. ने इस मामले में अभी कोई स्पष्ट बात नहीं की, लेकिन कहीं न कहीं कांग्रेसियों की मांग पर सोचने के लिए मजबूर जरूर कर दिया है।

आगरा कांग्रेस के जिलाध्यक्ष दुष्यंत शर्मा ने बताया कि प्रशांत किशोर ने सम्मेलन के दौरान कहा कि हर कदम पर कार्यकर्त्ता मजबूती के साथ खड़े रहें। अब वक्त कांग्रेस का आने वाला है। बस धैर्य रखना होगा और मजबूती के साथ आगे बढऩा होगा, तभी जीत हासिल कर पाएंगे।

उन्होंने संगठन मजबूती को लेकर जोर दिया। साथ ही कहा कि चुनाव में बहुत अधिक समय नहीं है, इसलिए गली-गली और गांव-गांव जाकर लोगों में पैठ बनाना शुरू कर दें।

इस बैठक में शहर व जिलाध्यक्षों का सबसे बड़ा सवाल था कि इस बार यू.पी. विधानसभा चुनाव के लिए कांग्रेस की ओर से चेहरा कौन बनेगा।

जिलाध्यक्ष दुष्यंत शर्मा ने बताया कि इस सवाल को वह हंस कर टाल गए और कहा कि थोड़ा धैर्य रखिए, जो होगा वह बेहद शानदार होगा। इस बार उत्तर प्रदेश में कांग्रेस जादुई आंकड़ा छुएगी, बस थोड़ी सी मेहनत की जरूरत है। इस बीच प्रियंका गांधी के लिए आवाज उठी, लेकिन मंचस्थ पदाधिकारी इस पर चुप रहे।

NewBuzzIndia से फेसबुक पे जुड़ने के लिए हमारे फेसबुक पेज को लाइक करें..
**Like us on facebook**
[wpdevart_like_box profile_id=”858179374289334″ connections=”show” width=”300″ height=”150″ header=”small” cover_photo=”show” locale=”en_US”]

मोदी सीखें सबक, भारत के लोग नही सहेंगे लोकतंत्र की हत्या: राहुल गांधी

0

Newbuzzindia: कांग्रेस उपाध्यक्ष राहुल गांधी ने आज कहा कि भाजपा ने सभी तरह की गलत कोशिशें की लेकिन उत्तराखंड में लोकतंत्र की जीत हुई और आशा है कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी इससे यह ‘‘सबक’’ सीख लेंगे कि भारत के लोग लोकतंत्र की ‘‘हत्या’’ को नहीं सहेंगे। 

राज्य में डेढ़ महीने के राष्ट्रपति शासन के बाद कांग्रेस सरकार का वापस आना तय हो गया है और इसी को लेकर उन्होंने ये कड़ी प्रतिक्रिया दी है।  इससे पहले केंद्र ने उच्चतम न्यायालय से कहा था कि इस बात में कोई संदेह नहीं है कि हरीश रावत ने राज्य विधानसभा में बहुमत साबित कर दिया है। इसके बाद न्यायालय ने कहा कि राष्ट्रपति शासन हटने के बाद वह मुख्यमंत्री का पद संभाल लेंगे। 

राहुल ने ट्वीट किया, ‘‘वे (भाजपा) जो गलत कर सकते थे, उन्होंने किया। हम लोगों ने अपना सर्वश्रेष्ठ किया। उत्तराखंड में लोकतंत्र की जीत हुई।’’  उन्होंने कहा कि देश के संस्थापकों द्वारा बनार्इ गर्इ संस्थाएं और लोग ‘‘लोकतंत्र की हत्या’’ बर्दाश्त नहीं करेंगे।

NewBuzzIndia से फेसबुक पे जुड़ने के लिए हमारे फेसबुक पेज को लाइक करें..
**Like us on facebook**
[wpdevart_like_box profile_id=”858179374289334″ connections=”show” width=”300″ height=”150″ header=”small” cover_photo=”show” locale=”en_US”]

कांग्रेस के लिए बड़ी जीत और भाजपा के लिए बड़ी हार है उत्तराखंड शक्ति परिक्षण !

0

Newbuzzindia: उत्तराखंड विधानसभा में बहुमत परीक्षण के बाद बुधवार को सुप्रीम कोर्ट ने फैसला सुना दिया। बहुमत परीक्षण में हरीश रावत की जीत हुई और भाजपा को मुंह की खानी पड़ी। फैसले के बाद देहरादून ‌में कांग्रेस कार्यकर्ताओं में जश्न का महौल है।

सुप्रीम कोर्ट का ये फैसला जितनी बड़ी जीत कांग्रेस के लिए है उतनी ही बड़ी हार भाजपा के लिए है । फैसले के पहले भाजपा ने बड़े बड़े दावे किये थे । लेकिन कांग्रेस के सरकार बनाने के बाद भाजपा की छवी को बड़ा धक्का लगा है । कांग्रेस ने भाजपा पर आरोप भी लगाया था की भाजपा लोकतंत्र की हत्या कर रही है ।

अपने फैसले में सुप्रीम कोर्ट ने कहा कि हरीश रावत उत्तराखंड के मुख्यमंत्री के रूप में शपथ ले सकते हैं। कोर्ट ने कहा कि राष्ट्रपति शासन हटाकर सरकार कोर्ट को सूचित करे। केंद्रीय मंत्री वैकेया नायडू ने कहा है कि केंद्र ने राष्ट्रपति के समक्ष उत्तराखंड से राष्ट्रपति शासन हटाने की सिफारिश करने का फैसला किया है।

उत्तराखंड विधानसभा में हुए बहुमत परीक्षण में हरीश रावत को 61 में से 33 वोट मिले हैं। जबकि रावत के विपक्ष में 28 वोट पड़े हैं। इसके साथ ही सुप्रीम कोर्ट ने कहा है कि बहुमत परीक्षण के लिए हुए मतदान में किसी भी प्रकार की कोई अव्यवस्‍था नहीं हुई है। इस दौरान कोर्ट ने केंद्र को उत्तराखंड में राष्ट्रपति शासन लगाने के रिकॉर्ड ऑर्डर को पेश करने को कहा।

इससे पहले केंद्र की ओर से अटॉर्नी जनरल मुकुल रोहतगी ने सुप्रीम कोर्ट से कहा कि हरीश रावत ने बहुमत साबित कर दिया है। और अब उत्तराखंड से राष्ट्रपति शासन हटाया जा सकता है।

NewBuzzIndia से फेसबुक पे जुड़ने के लिए हमारे फेसबुक पेज को लाइक करें..
**Like us on facebook**
[wpdevart_like_box profile_id=”858179374289334″ connections=”show” width=”300″ height=”150″ header=”small” cover_photo=”show” locale=”en_US”]