गुजरात
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गुजरात में हमारी हालत खराब, बनेगी कांग्रेस की सरकार: भाजपा सांसद
गुजरात और हिमाचल प्रदेश के चुनाव संपन्न हो चुके हैं। अब सबको इंतजार है 18 दिसंबर का। लेकन नतीजों से पहले भारतीय जनता पार्टी के ही एक सांसद ने गुजरात में पार्टी की हार का दावा किया है। भाजपा के राज्यसभा सांसद संजय काकड़े का दावा है कि गुजरात विधानसभा चुनाव में पार्टी की हार हो रही है और सरकार कांग्रेस बनाएगी।

काकड़े ये भी कहते हैं कि गुजरात में बहुमत तो छोड़ दीजिए, भाजपा को सरकार बनाने लायक सीटें भी नहीं मिल रहीं। आपको बता दें कि गुजरात चुनाव में नतीजे 18 दिसंबर को आने वाले हैं। इससे पहले ज्यादातर एग्जिट पोल में गुजरात और हिमाचल प्रदेश में बीजेपी को बहुमत मिलने की बात कही गई है।
राज्यसभा सदस्य संजय काकड़े ने कहा है कि बहुंत पार्टी को नहीं बल्कि कांग्रेस बहुमत के आंकड़े के करीब पहुंचेगी। उन्होंने ये भी कहा कि यदि फिर भी पार्टी ने राज्य में सत्ता कायम रखी तो भी यह सिर्फ और सिर्फ नरेन्द्र मोदी के चलते होगी।
शनिवार और रविवार की रात ईवीएम में बड़ी गड़बड़ी करने जा रही है भाजपा: हार्दिक पटेल
पाटीदार नेता हार्दिक पटेल पिछले कई दिनों से ईवीएम पर सवाल उठा रहे है। कांग्रेस पार्टी ने भी मतदान के दौरान कई जगहों पर ईवीएम में खराबी होने की शिकायत की थी। ईवीएम गड़बड़ी को लेकर गुजरात कांग्रेस सुप्रीम कोर्ट तक पहुंच गई। कांग्रेस ने सुप्रीम कोर्ट से मांग की थी कि चुनाव नतीजे घोषित करने से पहले चुनाव आयोग हर विधानसभा की 25% VVPAT मशनों को क्रॉस चेक करे। हालांकि कांग्रेस की इस मांग को मानने से सुप्रीम कोर्ट ने इनकार कर दिया।
हार्दिक पटेल ने लगाए आरोप
इसी बीच शनिवार सुबह पाटीदार नेता ने ईवीएम गड़बड़ी को लेकर भाजपा पर गंभीर आरोप लगाए है। हार्दिक पटेल का कहना है कि भाजपा शनिवार और रविवार की रात को ईवीएम में बड़ी गड़बड़ी करने जा रही है। अपने ट्विटर एकाउंट पर हार्दिक पटेल ने लिखा कि ” शनिवार और रविवार की रात को EVM में बड़ी गरबडी करने जा रही है भाजपा, चुनाव हार रही हैं भाजपा,EVM में गरबडी नहीं होंगी तो ८२ सीट भाजपा को मिल रही है। ”

शनिवार और रविवार की रात को EVM में बड़ी गरबडी करने जा रही है भाजपा,
चुनाव हार रही हैं भाजपा,EVM में गरबडी नहीं होंगी तो ८२ सीट भाजपा को मिल रही है।— Hardik Patel (@HardikPatel_) December 16, 2017
ईवीएम में गड़बड़ी करके गुजरात में जीतेगी और हिमाचल में हारेगी बीजेपी : हार्दिक पटेल
एक अन्य ट्वीट में हार्दिक पटेल ने लिखा कि ” गुजरात में भाजपा की हार का मतलब है भाजपा का पतन EVM में गरबडी करके भाजपा गुजरात चुनाव जितेगी और हिमाचल प्रदेश का चुनाव हारेंगी, ताकि कोई ईवीएम पर प्रश्न ना उठाए”

शुक्रवार को भी हार्दिक पटेल ने उठाए थे ईवीएम पर सवाल
इसी पहले शुक्रवार को भी हार्दिक पटेल ने ईवीएम पर सवाल उठाते हुए कहा था कि “EVM में गरबडी यह सवाल पर हँसी नहीं लेकिन हमें स्वतंत्र लोकतांत्रिक हिंदुस्तान में इस मुद्दे पर मंथन करना ज़रूरी हैं।जनता वोट देने के बाद भी चिंता करती है की क्या मेरा वोट सही रहेगा !!! यह सभी के लिए सोचने की बात हैं।”
EVM में गरबडी यह सवाल पर हँसी नहीं लेकिन हमें स्वतंत्र लोकतांत्रिक हिंदुस्तान में इस मुद्दे पर मंथन करना ज़रूरी हैं।जनता वोट देने के बाद भी चिंता करती है की क्या मेरा वोट सही रहेगा !!! यह सभी के लिए सोचने की बात हैं।
— Hardik Patel (@HardikPatel_) December 15, 2017
इससे बेहतर तो बैलट पेपर से हो मतदान
हार्दिक पटेल ने आगे कहा कि “हम EVM मशीन का उपयोग क्यों करते हैं !! ताकि मत गणना जल्दी हो जाए लेकिन चुनाव ख़त्म होने के बावजूद थी ५/७ दिन तक क्यों EVM हमें बंद कमरे में रखने पड़ते हैं।इस से अच्छा है की बेलेट पेपर से मतदान कीजिए इसमें भी EVM जितना ही समय लगता हैं। हिमाचल प्रदेश का EVM एक महीने तक पड़ा रहा ”
https://twitter.com/HardikPatel_/status/941574526311084032
गोदी मीडिया से हटकर, इस सर्वे में कांग्रेस को गुजरात में मिली 110-115 सीटें !
गुजरात चुनाव में कल हुए मतदान के बाद कई एग्जिट पोल सामने आए। जिनके अनुसार गुजरात में पूर्ण बहुमत के साथ भाजपा की सरकार बन रही है और कांग्रेस को पिछले चुनाव के मुकाबले फायदा होते दिख रहा है। एग्जिट पोल के सामने आते ही भाजपा नेता खुशी मनाने में लग गए है।
कांग्रेस पार्टी ने गुजरात में आंतरिक सर्वे कराया है। इस सर्वे के अनुसार कांग्रेस गुजरात की सत्ता में 22 साल बाद वापसी कर रही है। आंतरिक सर्वे के अनुसार पार्टी को गुजरात चुनाव में 110- 115 सीटें मिलने का अनुमान है। वहीं अगर पार्टी का प्रदर्शन उम्मीद मुताबिक नही भी होता है तो भी पार्टी को 95 से लेकर 105 सीटें जीतने की उम्मीद है।
भाजपा के दबाव में मीडिया ने दिखाए एग्जिट पोल: कांग्रेस

इसके साथ ही कांग्रेस ने आरोप लगाया है कि मीडिया चैनल्स ने भाजपा के दबाव में एग्जिट पोल दिखाए है। जिसके कारण कांग्रेस को एग्जिट पोल में कम सीटें दी गयी है। कांग्रेस ने दावा किया है कि गुजरात में कांग्रेस पूर्ण बहुमत के साथ सरकार बनाने जा रही है।
कांग्रेस का हौसला बुलंद
एग्जिट पोल में मिल रही हार के बाद भी कांग्रेस नेताओं का हौसला बुलंद है। नेताओं का कहना है कि इससे पहले भी कई बार एग्जिट पोल के नतीजे गलत साबित हुए है। पाटीदार नेता हार्दिक पटेल का भी कहना है कि कांग्रेस गुजरात में 100 से ऊपर सीटें जीतेगी और सरकार बनाएगी।
एक अन्य ट्वीट में हार्दिक पटेल ने कहा कि “एग्ज़िट पॉल में भाजपा जीत रही हैं। फिर भी कार्यकर्ता और नेता ख़ुश क्यों नहीं हैं???? ”
https://twitter.com/HardikPatel_/status/941376263880667137
गुजरात चुनाव में कांग्रेस का मास्टर स्ट्रोक, नतीजे घोषित होने से पहले होगी ईवीएम की जांच !
2014 के बाद भाजपा एक के बाद एक कई चुनाव जीतते आ रही है। वहीं विपक्ष इसके लिए ईवीएम को दोषी ठहरा रहा है। ईवीएम से फर्जीवाड़ा हुआ है या नही यह बताना अभी मुश्किल है लेकिन गुजरात मरीन कांग्रेस पार्टी ने ईवीएम फर्जीवाड़े से बचने के लिए एक मास्टर स्ट्रोक खेला है।
गुजरात कांग्रेस ने सुप्रीम कोर्ट में लगाई याचिका
आपको बता दें कि गुजरात चुनाव के नतीजे 18 दिसंबर को घोषित होने है। कांग्रेस पार्टी ने सुप्रीम कोर्ट में याचिका लगते हुए मांग की है कि नतीजा घोषित करने से पहले चुनाव आयोग हर विधानसभा सीट पर कम से 25% VVPAT मशीनों की पुनः जांच की जाए।
गुजरात कांग्रेस के अध्यक्ष भारत सोलंकी ने ट्विटर पर ट्वीट करते हुए कहा कि अगर ऐसा होता है तो जनता के बीच चुनाव आयोग और चुनावी प्रक्रिया पर भरोसा बढेगा।

गुजरात से आई ईवीएम फर्जीवाड़े की खबरें
इससे पहले मतदान के दौरान ईवीएम में फर्जीवाड़े को लेकर कई खबरें सामने आई थी। कांग्रेस ने आरोप लगाया था कि के ईवीएम मशीनों को ब्लूटूथ के माध्यम से हैक किया जा रहा है। ऐसे में कांग्रेस का यह कदम कांग्रेस के लिए काफी फायदेमंद साबित हो सकता है।
प्रधानमंत्री मोदी गुजरात की जनता को भय के भंवर में फंसा कर रखना चाहते हैं : रविश कुमार
क्या प्रधानमंत्री मोदी गिरिराज सिंह हो गए हैं
“पाकिस्तान के रिटायर्ड आर्मी जनरल अरशद रफ़ीक़ कहते हैं कि सोनिया गांधी के राजनीतिक सचिव अहमद पटेल को गुजरात का मुख्यमंत्री बनाया जाना चाहिए। पाकिस्तान का वरिष्ठ आर्मी अफसर गुजरात चुनावों में अपना दिमाग़ क्यों लगाएगा? पाकिस्तान का एक डेलिगेशन मणिशंकर अय्यर के घर मिला था, अगर दिन उन्होंने गुजरात के समाज का अपमान किया, गरीबों और मोदी का अपमान किया। क्या ये बातें चिंता पैदा नहीं करती हैं, सवाल खड़े नहीं करते हैं, कांग्रेस को जवाब देना चाहिए”

अख़बारों में छपा है कि बनासकांठा में प्रधानमंत्री ने ऐसा कहा है। प्रधानमंत्री अब गुजरात के सामने अहमद पटेल का भूत खड़ा कर रहे हैं। गुजरात की जनता को भय के भंवर में फंसा कर रखना चाहते हैं ताकि वह बुनियादी सवालों को छोड़ अहमद पटेल के नाम पर डर जाए। क्यों डरना चाहिए अहमद पटेल से? क्या इसी इस्तमाल के लिए राज्यसभा में अहमद पटेल को जीतने दिया गया? अहमद पटेल बार बार कह चुके हैं कि वे मुख्यमंत्री पद के दावेदार नहीं हैं, कांग्रेस ने भी ऐसा नहीं कहा है।
क्या प्रधानमंत्री गुजरात की जनता को मुसलमान के नाम पर डरा रहे हैं? यह प्रधानमंत्री की तरफ से खेला गया सांप्रदायिक कार्ड है। काश उन्हें कोई बताए कि भारत की जनता ने उनका हर शौक पूरा किया है, अब उसे सांप्रदायिकता की आग में न धकेलें। काश कोई उन्हें याद दिलाए कि आपने ही 15 अगस्त को 2022 तक सांप्रदायिकता मिटाने का भाषण दिया है। कोई संकल्प वंकल्प किया है।
भारत में एक ही मुस्लिम मुख्यमंत्री है, महबूबा मुफ़्ती, वह भी बीजेपी के समर्थन से हैं। । अब तो उनके भाई भी कैबिनेट में आ गए हैं। परिवारवाद? फिर बीजेपी और मोदी अहमद पटेल का भूत क्यों खड़ा कर रहे हैं? विस्तार से बताने की ज़रूरत नहीं है।
प्रधानमंत्री जानते हैं कि शब्द ज़रूरी नहीं हैं, शब्दों को इस तरह सजाकर कहा जाए कि उनसे एक छवि बने। उन्होंने अपनी बात इस तरह से कही है कि सामान्य जनता के मन में यह छवि पैदा हो जाए कि गुजरात चुनावों में पाकिस्तान दखलंदाज़ी कर रहा है।
इंडियन एक्सप्रेस ने मणिशंकर अय्यर के घर हुई रात्रि भोज के बारे में विस्तार से छापा है। 6 दिसंबर को मणिशंकर अय्यर के घर पर पाकिस्तान के पूर्व विदेश मंत्री कसूरी के लिए रात्रि भोज हुआ था। पूर्व प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह, पूर्व सेनाध्यक्ष दीपक कपूर, पूर्व विदेश मंत्री के नटवर सिंह, पूर्व राजनयिक टीसीए राघवन, शरत सभरवाल, के शंकर बाजपेयी, सलमान हैदर शामिल हुए थे। कसूरी अनंत नाम के एक थिंकटैंक के बुलावे पर भारत आए थे। भारत पाक संबंधों पर बोलने के लिए।
बीबीसी हिन्दी पर इस भोज में शामिल होने वाले पत्रकार प्रेम शंकर झा ने लिखा है कि सबको पता था कि कई लोग मणिशंकर अय्यर के यहां मिल रहे हैं। भोज के दौरान गुजरात चुनावों की कोई चर्च नहीं हुई, न ही अहमद पटेल का ज़िक्र हुआ। तो फिर प्रधानमंत्री को कहां से ये जानकारी मिली है?
कसूरी को यहां आने का वीज़ा भारत सरकार ने दिया होगा। वीज़ा क्यों दिया? जब पता चला तो कसूरी को अरेस्ट क्यों नहीं किया? क्या मोदी राज में इतना आसान हो गया है कि सत्तर पार और मुश्किल से चल फिर सकने वाले चंद लोग दिल्ली में जमा होकर तख़्ता पलटने की योजना बना लेंगे और सुब्रमण्यण स्वामी ट्वीट करेंगे कि तख़्ता पलट की योजना तो नहीं? और इस योजना में भारत के ही पूर्व सेनाध्यक्ष और पूर्व प्रधानमंत्री शामिल होंगे? क्या भारत पाकिस्तान बन गया है?
पाकिस्तान से इतनी ही नफ़रत है तो शपथ ग्रहण समारोह में नवाज़ शरीफ़ को कौन बुलाया था, कौन अचानक बिना किसी योजना के पाकिस्तान पहुंच गया था? जवाब आप जानते हैं। मनमोहन सिंह तो अपने दस साल के कार्यकाल में एक बार भी पाकिस्तान नहीं गए।
क्या प्रधानमंत्री को भी चुनाव आयोग की क्षमता पर शक होने लगा है? क्या उन्हें भी अमरीकी चुनावों की तरह हैक कर लिए जाने का अंदेशा हो रहा है? क्या उन्हें भी अब ईवीएम पर भरोसा नहीं है? फिर तो चुनाव रद्द करने की मांग करनी चाहिए।
प्रधानमंत्री के इस बयान ने गिरिराज सिंह को ख़ुश कर दिया होगा। गिरिराज सिंह भले ही तीन साल में प्रमोट न हो सकें हो मगर उनका पाकिस्तान वाला जुमला उनसे प्रमोट होकर अमित शाह तक पहुंचा और अब अमित शाह से प्रमोट होकर प्रधानमंत्री मोदी तक पहुंच गया है।
19-20 अप्रैल 2014, गूगल यही तारीख़ बता रहा है जब गिरिराज सिंह ने कहा था कि जो मोदी का विरोध करते हैं, पाकिस्तान चले जाएं। न्यू इंडिया में विरोधियों को पाकिस्तान से जोड़ने की शुरूआत गिरिराज सिंह ने ही की।
उस वक्त देवघर के एस डी एम और रिटर्निंग अफसर जय ज्योति शर्मा ने गिरिराज सिंह के ख़िलाफ़ एफआईआर दर्ज कराई थी। चुनाव आचार संहिता के उल्लंघन के आरोप में। उसका क्या हुआ, कौन पूछे। चुनाव आयोग का हाल आप जानते हैं। चुनाव आयोग अब शेषण और के जे राव का आयोग नहीं रहा।
2014 के एक साल बाद 2015 के चुनाव में बिहार में अमित शाह ने कहा था कि अगर मोदी हार गए तो पाकिस्तान में पटाखे छोड़े जाएंगे। मोदी हार भी गए मगर पाकिस्तान में पटाखे नहीं छोड़े गए।
गिरिराज सिंह और अमित शाह के बाद प्रधानमंत्री मोदी पाकिस्तान और अहमद पटेल के सहारे मुसलमान का भूत खड़ा कर रहे हैं। गिरिराज सिंह को बधाई। वे इस मामले में दो ताक़तवर नेताओं से भी सीनियर हो गए हैं।
दोस्तों, आप चाहें जितने तर्क ले आइये मगर शक के नाम पर चल रही यह मुस्लिम विरोधी राजनीति सबको खोखला कर देगी। मुसलमान का डर दिखा कर हिन्दू नौजवानों को बर्बाद किया जा रहा है। उनसे कहा जा रहा है कि रोज़गार मत पूछो, पढ़ाई मत पूछो, अस्पताल मत पूछो, बस देखो कोई मुसलमान मुख्यमंत्री न बन जाए।
लगातार हिन्दू नौजवानों की समग्र भारतीयता के बोध के दो टुकड़े किए जा रहे हैं। आख़िर सांप्रदायिकता की राजनीति किसे बर्बाद कर रही है? किसी आसमान से नहीं, आपके ही घरों से निकाल कर इस राजनीति के लिए लोग लाए जाने वाले हैं। सांप्रदायिकता आपको मानव बम में बदल देगी। नौजवानों को रोज़गार देने से अच्छा है उन्हें मानव बम में बदल दो। यही राजनीति चल रही है।
अख़बारों ने भी छाप दिया है कि प्रधानमंत्री का इशारा कि गुजरात चुनावों में पाकिस्तान का हाथ है। अरे भाई गुजरात भारत में हैं, बर्मा में नहीं हैं। धानमंत्री वाक़ई कुछ भी बोलने लगे हैं। उन्हें लगता है कि लोगों ने अच्छा वक्ता मान लिया है इसलिए वे कुछ भी बोल सकते हैं।
आदरणी प्रधानमंत्री मोदी, आप यह क्या कर रहे हैं? क्या प्रधानमंत्री जी आप गुजरात चुनाव हार रहे हैं? क्या आप गिरिराज सिंह हो गए हैं?
भ्रष्टाचार के मुद्दे पर पीएम मोदी मोदी को घेरते हुए राहुल गांधी ने पूछे तीखे सवाल !
गुजरात चुनाव प्रचार के दौरान कांग्रेस उपाध्यक्ष राहुल गांधी ने बनासकांठा में बीजेपी और प्रधानमंत्री मोदी पर जमकर निशाना साधा। राहुल कहा कि जैसे पिक्चर फ्लॉप होती है, वैसे ही बीजेपी की विकास यात्रा फ्लॉप हो गई है। गुजरात का चुनाव हो रहा है और मोदी जी कभी जापान, पाकिस्तान, अफगानिस्तान की बात करते हैं।
राहुल ने आगे कहा कि मोदी जी अपने भाषणों में सिर्फ दो ही बात करते हैं। 50 फीसदी कांग्रेस पर बात करते हैं और 50 फीसदी बातें सिर्फ अपनी करते हैं। राहुल ने पूछा कि अगर मोदी कहते हैं कि उन्होंने देश से कांग्रेस को खत्म कर दिया है तो गुजरात चुनाव में वह आधा समय कांग्रेस को क्यों दे रहे हैं। कांग्रेस उपाध्यक्ष ने कहा, मोदी जी चुनाव गुजरात में है। मैं आपसे अपील करता हूं कि अगर हो सके तो दो मिनट ही सही अपने भाषण में गुजरात के भविष्य पर बोलिए।

राहुल ने आगे कहा कि मोदी जी बड़ी-बड़ी बातें करते हैं लेकिन किसान को बाढ़ में राहत देने की बात नहीं कहते है। उन्होंने कहा कि जब गुजरात में बाढ़ आई तो मोदी जी ने गुजरात के किसानों से यह नहीं कहा कि मैं आपको एक रुपया मुआवजा दिलवाउंगा। राहुल गांधी ने कहा कि गुजरात में कांग्रेस की सरकार के आने पर कपास, मूंगफली और आलू के लिए किसान को बोनस दिया जाएगा। राहुल गांधी ने कहा कि बाढ़ और ओलावृष्टि से फसल को नुकसान होने पर कांग्रेस की सरकार मुआवजा दिलवाएगी।
इससे पहले कांग्रेस उपाध्यक्ष राहुल गांधी ने मोदी सरकार पर हमला बोलते हुए अपना 13वां सवाल किया है। इस सवाल में राहुल ने पीएम को मौनसाहब कहकर तंज कसा और पूछा कि उन्होंने किसके अच्छे दिन के लिए बनाई सरकार। राहुल ने लिखा कि कहते थे देंगे जवाबदेह सरकार, किया लोकपाल क्यों दरकिनार? GSPC, बिजली-मेट्रो घोटाले, शाह-जादा पर चुप्पी हर बार, मित्रों की जेब भरने को हैं बेकरार, लंबी है लिस्ट और ‘मौनसाहब’ से है जवाब की दरकार, किसके अच्छे दिन के लिए बनाई सरकार?
राहुल गांधी के तीखे सवालों से भाग पीएम मोदी पहुंचे पाकिस्तान ।
वैसे तो प्रधानमंत्री मोदी को भाषण देने में महारथ हासिल है। भाषण के दौरान मोदी जी विरोधियों से हमलावर सवाल भी भी करते है और विरोधियों के सवाल के जोरदार जवाब भी देते है। पीएम मोदी का यह रूप हमने 2014 के लोकसभा चुनाव से लेकर यूपी चुनाव तक देखा लेकिन गुजरात चुनाव में पीएम मोदी का यह रूप कहीं गुमा गुमा सा लग रहा है।
पिछले 3 साल में गुजरात मॉडल- गुजरात मॉडल बोल बोल कर प्रधानमंत्री मोदी ने केंद्र और कई राज्यों में सरकार बना ली लेकिन गुजरात में आते आते प्रधानमंत्री का गुजरात मॉडल कहीं खो गया है। गुजरात चुनाव में प्रधानमंत्री मोदी ने अभी तक गुजरात मॉडल की बात नही की है। गुजरात मॉडल छोड़ो पीएम मोदी यहां गुजरात के विकास की बात भी नही कर रहे है।

विकास छोड़ पाकिस्तान पहुंच गए पीएम मोदी
कांग्रेस का कहना है कि विकास पागल हो गया है। कांग्रेस की बात कुछ हद तक सही भी लग रही है क्योंकि विकास आजकल शिक्षा, रोजगार और स्वास्थ की बात छोड़ कर हिन्दू-मुस्लिम और पाकिस्तान की बातें करने लगा है।
प्रधानमंत्री मोदी ने अपने भाषण के दौरान आरोप लगाया है कि पूर्व प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह, कांग्रेसी नेता मणिशंकर अय्यर और एक पूर्व उपराष्ट्रपति की मुलाकात एक पाकिस्तानी अधिकारी से हुई है। उन्होंने कहा इस मुलाकात में क्या गुल खिलाए हैं यह नहीं पता ।

अपने घर में पीएम मोदी को क्यों पड़ी पाकिस्तान की जरूरत ?
ऐसे में सवाल उठता है कि प्रधानमंत्री मोदी को अपना घर जीतने के लिए पाकिस्तान की जरूरत क्यों पड़ी ? क्यों प्रधानमंत्री मोदी गुजरात में विकास की बातें नही कर रहे ? क्या प्रधानमंत्री मोदी को गुजरात की जनता पर भरोसा नही ?

इसका जवाब है राहुल गांधी!
दरअसल गुजरात चुनाव प्रचार में कांग्रेस और राहुल गांधी ने अपनी सारी रणनीति बदल दी है। सारे चुनावों में जहां बीजेपी कांग्रेस से सवाल करती थी वहीं इस चुनाव में सवाल करने का काम कांग्रेस कर रही है। कांग्रेस उपाध्यक्ष राहुल गांधी ने तो बाकायदा सवालों की एक सीरीज शुरू कर दी है। राहुल गांधी ने एक के बाद एक प्रधानमंत्री मोदी से 11 सवाल पूछ डाले। राहुल गांधी का एक एक सवाल प्रधानमंत्री मोदी के गुजरात मॉडल की पोल खोल रहा था।
यही कारण है कि प्रधानमंत्री मोदी ने इन 11 सवालों में से एक का जवाब भी नही दिया। क्या प्रधानमंत्री मोदी राहुल गांधी के तीखे सवालों से डर गए है ? क्या प्रधानमंत्री मोदी राहुल गांधी से हार गए है ?
राहुल गांधी का ऐलान, सरदार पटेल के नाम से शुरू करेंगे यह बड़ी योजना, सबको होगा लाभ!
गुजरात चुनाव को लेकर राहुल गांधी ने एक बड़ी घोषणा की है। राहुल गांधी ने कहा है कि अगर सरकार बनी तो वह कांग्रेस के कद्दावर नेता और स्वतंत्रता सेनानी सरदार पटेल के नाम से एक बड़ी योजना गुजरात में लागू करेंगे।

सरदार पटेल हेल्थ कार्ड
राहुल गांधी ने ऐलान किया है कि अगर गुजरात में कांग्रेस की सरकार बनती है तो सरदार पटेल हेल्थ कार्ड नाम से योजना शुरू की जाएगी। इस योजना के तहत सबको मुफ्त चिकित्सा दी जाएगी। योजना के तहत गुजरात के लोगों को आपातकाल के दौरान एयर एम्बुलेंस के द्वारा सुरक्षा दी जाएगी।

इंदिरा कैंटीन का भी किया ऐलान
सरदारे पटेल हेल्थ के साथ ही राहुल गांधी ने गुजरात में इंदिरा कैंटीन खोलने का वादा भी किया है। राहुल गांधी ने कहा कि अगर गुजरात में कांग्रेस की सरकार बनती है तो इंदिरा कैंटीन के माध्यम से सभी को सस्ता और स्वादिष्ट भोजन दिया जाएगा।

इसके साथ ही राहुल गांधी ने गुजरात में नए अस्पताल खोलने और स्वास्थ व्यवस्था को सुधारने का वादा भी किया। गांधी ने कहा कि कांग्रेस की सरकार बनी तो हर गुजराती को स्वास्थ का अधिकार दिया जाएगा।
सीडी कांड पर बोले हार्दिक पटेल, विजय रूपानी क्या टेस्ट ट्यूब बेबी है ?
पाटीदार नेता हार्दिक पटेल ने सीडी कांड पर गुजरात के मुख्यमंत्री विजय रूपानी को करारा जवाब दिया है। हार्दिक पटेल ने कहा है कि गुजरात में उनकी प्राथमिकता बीजेपी को सत्ता से हटाना है। एबीपी न्यूज़ के शिखर सम्मेलन में अभिसार शर्मा से बात करते हुए हार्दिक पटेल ने प्रधानमंत्री मोदी और बीजेपी पर जमकर हमला बोला है।
सीडी कांड पर दिया करारा जवाब
हार्दिक पटेल ने सीडी कांड पर जवाब देते हुए कहा कि ‘विजय रूपानी क्या टेस्ट ट्यूब बेबी है ? भाजपा क्यों किसी के बेडरूम में झांकने जाती है। दरअसल एबीपी न्यूज़ के इस प्रोग्राम में हार्दिक पटेल से पहले गुजरात के सीएम विजय रूपानी आए थे और उन्होंने हार्दिक पटेल के सीडी कांड पर सवाल उठाए थे।
हार्दिक पटेल ने आगे कहा कि बीजेपी गुजरात की जनता को पैसे बांट रही है, बीजेपी क्या जनता को बेवकूफ समझती है। गुजारत की जनता विकास की सीडी देखना चाहती है 23 साल के लड़के की नही।
अधिकतम 85 सीटें जीतेगी भाजपा
हार्दिक पटेल ने प्रोग्राम के दौरान कहा कि भाजपा गुजरात में अधिकतम 85 सीटें जीतेगी। गुजरात की जनता अब समझदार हो गयी है, इस बार 10 लाख से ज्यादा युवा पहली बार वोट करेंगे और वह भाजपा को वोट बिल्कुल नही देंगे।
दंगाई खुद सत्ता में बैठे है तो दंगा कहाँ से होगा
गुजरात के मुख्यमंत्री विजय रूपानी ने दावा किया था कि गुजरात में पिछले 5 साल में दंगों में काफी कमी आई है। इसका जवाब देते हुए हार्दिक पटेल ने कहा कि जब दंगाई खुद सत्ता में बैठे है तो दंगा कहाँ से होगा।
हार्दिक पटेल ने आगे कहा कि ‘ मैं किसी को हराने के लिए नही निकला, मैं जिताने के लिए निकला हूं.. गुजरात की जनता को जिताने के लिए’

