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अनोखा मंदिर! यहां भगवान के दर्शन से डरते हैं लोग, करते हैं सिर्फ पीठ की पूजा
मंदिरों में देवी-देवताओं के दर्शन-पूजन की परंपरा तो सब जगह प्रचलित है, लेकिन उत्तराखंड में एक ऐसा भी मंदिर है जिसमें भगवान के चेहरे के बजाय उनकी पीठ के दर्शन किए जाते हैं। उत्तरकाशी के छोटे-से कस्बे नैटवाड़ में भगवान पोखूवीर का मंदिर है। इस इलाके में पोखूवीर को न्याय का देवता माना जाता है। लोगों की मान्यता है कि जो भी उनसे न्याय मांगता है, वे बिल्कुल सही और निष्पक्ष इंसाफ करते हैं, लेकिन उनके मुख के दर्शन नहीं किए जाते।
लोगों की आस्था इनसे गहराई तक जुड़ी है। पुराने समय में जब लोगों को निष्पक्ष न्याय नहीं मिलता था या जब वे न्याय प्रणाली को अपनाना पसंद नहीं करते थे, तो पोखूवीर से इसकी गुहार करते थे। लोगों का कहना है कि जो दोषी होता है, उसे पोखूवीर किसी भी रूप में दंड दे सकते हैं।
यहां पोखूवीर से जुड़ी अनेक कथाएं भी प्रचलित हैं। कहा जाता है कि बहुत प्राचीन समय में जब किरिमर दानव ने इस इलाके में आतंक मचाया तो जनता की रक्षा के लिए राजा दुर्योधन ने उससे युद्ध किया। युद्ध में दानव हार गया और दुर्योधन ने उसकी गर्दन काटकर टोंस नदी में फेंक दी।
किरिमर दानव का सिर प्रवाह की दिशा के बजाय उलटा बहने लगा। जहां रूपिन और सूपिन नदी का संगम आता है, वहां ये नैटवाड़ में ये रुक गया। राजा दुर्योधन ने जब किरिमर दानव के सिर को देखा तो उसे नैटवाड़ में ही स्थापित कर दिया और यहीं उसका मंदिर बना दिया। आज यह पोखूवीर के नाम से जाना जाता है।
मंदिर से एक और कथा भी जुड़ी है। कहते हैं कि यह दानव नहीं बल्कि वभ्रूवाहन था। कृष्ण ने महाभारत के युद्ध से पूर्व ही उसका शीश काट दिया था। इस इलाके की खासियत है कि यहां कई स्थानों पर कौरवों की पूजा होती है। यहां तक कि दुर्योधन का मंदिर भी है। एक अन्य मंदिर में कर्ण की पूजा की जाती है।
जवाब न दें! अगर फ़ोन पर आपसे कोई कहे ये बात।
आजकल मार्केट में लोगों को ठगने के नए-नए तरीके आ गए हैं। कोई ऑनलाइन क्लिक्स के नाम पर ठग रहा है तो कोई पुराना चिट फण्ड का सहारा ले रहा है। लोग भी इस मामले में ज़रा सी कोताही बरतते हैं और उनको भारी नुकसान झेलना पड़ता है।
लोग अब फ़ोन कर के भी आपको ठगने की फ़िराक में हैं। हम एटीएम का पिन पूछने वाले गिरोह की बात नहीं कर रहे बल्कि ये नए अपराधी आपसे ही हामी भरवा कर आपका पैसा गायब कर देने का हुनर जानते हैं। ये लोग आपसे कुछ ऐसा कहते हैं जिसका जवाब आपको बिल्कुल नहीं देना चाहिए।
आमतौर पर जब आप किसी को फ़ोन करते हैं या आपको किसी का फ़ोन आता है तो लोग कहते हैं ‘हेलो’। जिसके जवाब में सामने वाला भी हेलो कहता है। लेकिन अब ये ठग आपसे ‘हां’ कहलवाने की फ़िराक में रहते हैं। अगर कोई आपसे फ़ोन पर कहे ‘कैन यू हियर मी?’ तो इस बात का जवाब कभी मत दीजिए।
सीबीएस न्यूज़ की एक रिपोर्ट के अनुसार आप इस सवाल के बदले जो हामी भरते हैं उसका प्रयोग कुछ लोग आपका पैसा लूटने में कर सकते हैं। इस सवाल का प्रयोग करके बहुत से लोग दूसरों को बेवकूफ बना रहे हैं। वो आपके जवाब जो कि हां में होता है को रिकॉर्ड कर लेते हैं और फिर उसका प्रयोग गलत तरह से करते हैं।
जवाब न दें
आप ऐसे वक़्त में कोई जवाब न दें। आपको फ़ोन काट देना चाहिए। ऐसा आप तब करें जब आपके पास कोई अंजान फ़ोन कॉल आए। आपकी एक हां को स्कैम करने वाले इस रूप में प्रयोग कर सकते हैं जैसे आपने किसी बात के लिए हां कहा हो। भले ही आप बाद में मना करें लेकिन ये लोग आपके रिकॉर्ड किए गए ‘हां’ के जवाब को बाद में इस्तेमाल करके बच सकते हैं।इसके अलावा अगर सामने वाला व्यक्ति आपको कोई ख़ास नंबर एंटर करने के लिए बोलता है तब भी ऐसा न करें क्योंकि इससे उनके पास आपकी कई दूसरी जानकारियां भी पहुंच सकती हैं। ऐसे फ़ोन कॉल से बचने के लिए आप अपने फ़ोन में डू नॉट डिस्टर्ब एक्टिवेट करवा सकते हैं।
कोशिश करिए कि कोई भी अंजान व्यक्ति अगर आपसे किसी तरह की कोई जानकारी मांगने की कोशिश कर रहा है तो आप खुद उससे पूछ ताछ करना शुरू कर दें। ऐसे में सामने वाला डर जाएगा और आपको जागरुक देखकर खुद बा खुद पीछे हट जाएगा।
मुकेश अंबानी की Jio ने देश को लगाया अरबों का चूना !
Newbuzzindia : वेलकम ऑफर, हैपी न्यू ईयर ऑफर और अब प्राइम मेंबर सर्विस देने वाली नई टेलीकॉम कंपनी जियो पर कथित तौर पर सरकार को राजस्व का चूना लगाने का आरोप लगा है.
रिलायांस जियो इनफोकॉम कथित तौर पर 2015 तक लगातार तीन वित्त वर्षों में अपने रेवेन्यू को कम बताया है जिसकी वजह से सरकार को लाइसेंस काफी कम मिली. ड्राफ्ट ऑडिट रिपोर्ट् के मुताबिक कंपनी ने फॉरेन एक्सचेंज में हुई अपनी कमाई को छिपाया और 63.77 करोड़ रुपये कम रेवेन्यू की घोषणा की थी.
इकोनॉमिक टाइम्स की रिपोर्ट के मुताबिक ऑडिट फॉर पोस्ट एंड टेलीकॉम के डायरेक्टर जनरल ने एक पांच पेज की रिपोर्ट तैयार की है जिसे मुकेश अंबानी और डिपार्टमेंट ऑफ टेलीकॉम को उनके रिस्पॉन्स के लिए भेजा गया है.
गौरतलब है कि टेलीकॉम कंपनियों को अपने एडजस्टेड ग्रॉस रेवेन्यू (AGR) का कुछ हिस्सा सालाना लाइसेंस फी के तौर पर सरकार को देना होता है. रिलायंस जियो ने कथित तौर पर इस रकम को कम दिखाया है जिसकी वजह से सरकार को राजस्व का फटका लगा.
प्रोमोशनल ऑफर्स की वजह से सरकार को हुआ 800 करोड़ रुपये का नुकसान
हाल ही में टेलीकॉम सेकरेटरी जेएस दीपक ने TRAI को प्रोमोशनल ऑफर्स की अवधि को कम करने के लिए लिखा है. इकोनॉमिक टाइम्स की ही एक रिपोर्ट के मुताबिक जेएस दीपक ने TRAI से कहा है कि टेलीकॉम कंपनियों द्वारा दिए जाने वाले 90 दिनों वाले प्रोमोशनल ऑफर्स की अवधि को कम करने को कहा है. उन्होंने कहा है कि ऐसे ऑफर्स से सरकार के रेवेन्यू से लगभग 800 करोड़ रुपये लगे हैं और इनसे टेलीकॉम इंडस्ट्री पर भी प्रभाव पड़ा है.
जेएस दीपक ने अपने लेटर में लिखा है, ‘टेलीकॉम सेक्टर और सरकार के रेवेन्यू के हित में टेलीकॉम कंपनियों के टैरिफ पर जल्द से जल्द पुनर्विचार और रीव्यू करने की जरूरत है’
TRAI को लिखे इस लेटर में उन्होंने यह भी बताया है कि टेलीकॉम लाइसेंस फीस में सरकार का रेवेन्यू कैसे गिरा है. जून में ये फीस 3975 करोड़ रुपये थी जबकि मौजूदा वित्त वर्ष के दिसंबर में यह 3185 करोड़ रुपये हो गई.
गौरतलब है कि टेलीकॉम कंपनियों द्वारा दिया जाने वाला टैरिफ पर अंतिम फैसला ट्राई का होता है, टेलीकॉम मंत्रालय का नहीं. इसलिए ट्राई को भी इस मामले में कम दोषी नहीं माना जा सकता. बल्कि अगर रिलायंस जीओ ने सरकार को चूना लगाया है तो वो ट्राई की सांठगांठ के बगैर मुमकिन नहीं हो सकता.
भाजपा विधायक की गाड़ी से 20 हजार करोड़ के नए नोट बरामद !
Newbuzzindia : नोटबंदी के बाद से भाजपा नेताओं के पास से नए नोट में भारी नगद बरामद हो रहा है । कुछ नेताओं के पास नोटबंदी के पहले ही नए नोट आ गए थे । वहीं भाजपा के कई नेताओं ने नोटबंदी के पहले ही भारी मात्रा में जमीन खरीद के अपना कालाधन ठिकाने लगा लिया था ।
इसी बीच अब खबर आ रही है कि भाजपा विधायक सुधीर गड़गिल की बोलेरो कार से 20 हजार करोड़ के नए नोट बरामद हुए है । हिंदी न्यूज़ पोर्टल assam123.com के अनुसार भाजपा विधायक के पास से बरामद यह रकम 2000 के नोटों के रूप में थी ।
हालाँकि इस खबर की आधिकारिक पुष्टि नही की गई है । देखा जाए तो ऐसी ख़बरों की पुष्टि आसानी से की भी नही जाती ।
बाबा रामदेव ने बनाई देशद्रोह की नई परिभाषा, कहा ‘नोटेबंदी के विरोधी देशद्रोही हैं।’
Newbuzzindia: नरेंद्र मोदी सरकार के नोटबंदी का समर्थन करते हुए इस फैसले की आड़ में बाबा रामदेव ने देश को देशद्रोह की एक नई परिभाषा दे दी है। बाबा का कहना है कि इस फैसले का विरोध करना राष्ट्रद्रोह जैसा है। जो लोग इसका विरोध कर रहे हैं वे राष्ट्रद्रोह कर रहे हैं। उन्होंने संत समाज के साथ प्रेस कांफ्रेंस करतेे हुए कहा कि इस फैसले से आतंकवाद की फंडिंग बंद हुई है। आतंकवादियों को सबसे बड़ा नुकसान हुआ है। देश की आजादी के बाद से नक्सलवाद से सबसे ज्यादा नुकसान हुआ है। इस कदम से उन्हें भी नुकसान पहुंचा है। आतंकवाद और नक्सलियों की फंडिंग रूकेगी। पाकिस्तान से आने वाले जाली नोट भी बंद हुए हैंं।
रामदेव ने कहा कि नोटबंदी से बैंकों की ब्याज दर भी कम होगी। इससे लोगों के लिए घर बनाना आसान हो जाएगा। विदेशों में ब्याज दर 5 प्रतिशत के करीब रहती है। जबकि भारत में यह रेट 12-15 प्रतिशत के बीच रहती है। सरकार के फैसले से ब्याज दर सात प्रतिशत पर आ जाएगी।
रामदेव ने कहा कि करप्ट लोग नहीं बदले तो मोदी जी ने नोट बदल दिया। बड़े नोट बंद होने से भ्रष्टाचारियों के लिए रिश्वत लेना मुश्किल हो जाता है। रामदेव ने कहा कि करप्ट लोग नहीं बदले तो मोदी जी ने नोट बदल दिया। इससे पहले बाबा रामदेव ने कहा था कि नोटबंदी के फैसले से नरेंद्र मोदी की जान पर खतरा बढ़ गया है।
शक के घेरे में भोपाल एनकाउंटर, सबूत के आभाव में रिहा होने वाले थे मारे गए युवक
भोपाल सेंट्रल जेल से फरार हुए सिमी कार्यकर्ताओं को जेल से तकरीबन 10 किलोमीटर दूर पुलिस ने मुठभेड़ में मारे जाने का दावा किया है।
इस ख़बर के देश भर में फैलने के बाद तमाम न्यूज़ पोर्टल और पत्रकारों ने सवाल खड़ा शुरू किया ही था कि इस बीच सीपीआई नेता अमीक जामेई ने सिमी कार्यकर्ताओं के एंकाउंटर को साजिश बताया है।
अमीक जामेई देश मे निर्दोष मुस्लिम युवाओ की रिहाई की तहरीक मे शामिल रहें हैं और पिछले कई महीनो से जेलों में बंद निर्दोष युवाओ से देश में मुलाक़ात करते रहें हैं।
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जामेई का कहना हैं कि भोपाल सेन्ट्रल जेल में कुछ कैदी अगली अदालत की तारीखों मे छूटने वाले थे क्योंकि इनके खिलाफ दर्ज मामलो में पुलिस पुख्ता सबूत नहीं जुटा पाई थी।
अमीक जामेई ने आगे बताया कि ‘मैं हाल में जयपुर व जोधपुर के केंद्रीय कारागार मे बंद निर्दोष युवाओ से मिलने गया था और तजर्बे के आधार पर कह सकता हूँ कि आतंक के आरोप में बंद किसी भी कैदियों की जेलों में सुरक्षा व्यवस्था इतनी सख्त होती है कि बिना किसी साजिश के कोई परिंदा भी वहां पर नहीं मार सकता। उन्होंने ने कहा कि ऐसे इल्ज़ाम मे बंद क़ैदियो की बैरक पर सीसीटीवी कैमरे की नज़र होती है।
जामेई ने कहा कि इन युवाओं का नाम सिमी से जोड़कर फंसाने वाले अधिकारी बेनकाब होने वाले थें इसलिए उन्होंने खुद को बचाने के लिए पहले इन्हें गोलियों से भुना फिर गोली मारकर मुठभेड़ का नाम दे दिया।
उन्होंने ने कहा कि आला अधिकारियों के इस षड्यंत्र में पुलिस के एक गार्ड को भी अपनी नौकरी से हाथ धोना पडा।
जामेई ने मांग किया है कि सेन्ट्रल जेल में लगे सीसीटीवी कैमरे की फुटेज शिवराज सरकार देश के सामने रखे।
संघ पर सबसे बड़ा प्रहार, दिग्विजय ने कहा ‘संघ और सिमी के आतंकी मिल कर कराते हैं दंगा।’
NewBuzzIndia: कांग्रेस के महासचिव दिग्विजय सिंह ने भोपाल सेंट्रल जेल से सिमी के आठ आतंकियों के फरार होने के बाद अपनी प्रतिक्रिया देते हुए कहा कि आरएसएस और कट्टरपंथी विचारधारा के लोग मिलकर दंगे कराते हैं। सोमवार सुबह में सिमी के आठ आतंकी एक हेड कांस्टेबल की हत्या कर फरार हो गए थे। दिग्विजय सिंह ने इस पर प्रतिक्रिया देते हुए कहा, ‘जिस प्रकार सिमी के लोग जेल तोड़ के भाग रहे है, यह जांच का विषय है कि इसमें मिलीभगत तो नहीं हैं।’
SIMI और बजरंग दल पर मैंने प्रतिबंध लगाने की सिफ़ारिश तत्कालीन NDA सरकार से की थी। उन्होंने SIMI पर तो लगा दिया बजरंग दल पर नहीं लगाया।
— digvijaya singh (@digvijaya_28) October 31, 2016
दोनों मिल कर दंगे कराते हैं। खण्डवा से भी जेल तोड़ कर SIMI के लोग भागे और भोपाल की जेल से भी SIMI के लोग भागे।
— digvijaya singh (@digvijaya_28) October 31, 2016
वहीं, मीडिया से बातचीत के पहले दिग्विजय सिंह ने ट्विटर के जरिए भी बजरंग दल पर निशाना साधते हुए ट्वीट कर कहा, ‘सिमी और बजरंग दल पर मैंने प्रतिबंध लगाने की सिफ़ारिश तत्कालीन एनडीए सरकार से की थी। उन्होंने सिमी पर तो लगा दिया बजरंग दल पर नहीं लगाया।’
सरकारी जेल से भागे हैं या किसी योजना के तहत भगाये गये हैं ? जॉंच का विषय होना चाहिये। दंगा फ़साद ना हो प्रशासन को नज़र रखना पड़ेगा।
— digvijaya singh (@digvijaya_28) October 31, 2016
एक अन्य ट्वीट में उन्होंने कहा कि दोनों मिल कर दंगे कराते हैं। खण्डवा से भी जेल तोड़ कर सिमी के लोग भागे और भोपाल की जेल से भी सिमी के लोग भागे थे।
अपने अंतिम ट्वीट में कांग्रेस महासचिव ने लिखा, सरकारी जेल से भागे हैं या किसी योजना के तहत भगाये गये हैं ? जांच का विषय होना चाहिये। दंगा फ़साद ना हो प्रशासन को नज़र रखना पड़ेगा।
शिवराज सरकार का एक और बड़ा घोटाला , ‘व्यापमं-2’ !
Newbuzzindia: मध्य प्रदेश में 3 साल पहले एक महा घोटाला ‘व्यापमं’ हुआ था जिस से कि मध्य प्रदेश में नहीं देश की राजनीति भी पूरी तरह हिल गई थी । शिवराज सरकार में हुए इस महाघोटाले से मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान पर सभी विरोधियों ने उंगली उठाई तो मुख्यमंत्री पद से त्याग देने के लिए तक दबाव बनाया । यह व्यापमं घोटाला अभी तक पूरी तरह शांत नहीं हुआ है। इसके बावजूद मध्य प्रदेश में एक नया घोटाला सामने आया है। कयास लगाए जा रहे है की यह घोटाला व्यापमं घोटाले के स्तर का ही हो सकता है।
यह घोटाला मध्य प्रदेश में राज्य की सबसे अहम मानी जाने वाली भर्ती आयोग, मध्य प्रदेश लोक सेवा आयोग (एमपीपीएससी) में होने की आशंका है। एमपीपीएससी द्वारा कुछ साल पहले उच्च शिक्षा विभाग में की गई प्रोफेसरों की सीधी भर्ती में भारी अनियमितता सामने आई है।
नेशनल दस्तक के अनुसार, यह घोटाला जनवरी 2009 में एमपीपीएससी ने उच्च शिक्षा विभाग में प्रोफेसरों की भर्ती के लिए 385 पदों का विज्ञापन जारी किया था। इसके तहत प्रोफेसर पद पर सीधे साक्षात्कार के माध्यम से नियुक्ति की जानी थी। वर्ष 2011 के मध्य में यह प्रक्रिया पूरी हुई थी। शिकायतों के बाद इसकी जांच के लिए चार सदस्यीय जांच समिति का गठन किया गया था। उसी समिति ने हाल में अपनी रिपोर्ट राज्य सरकार को सौंपी है जिसमे कहा गया है कि आयोग द्वारा विज्ञापन जारी होने तथा चयन हेतु साक्षात्कार पूरा करने के बाद अनुभव के बारे में जो स्पष्टीकरण जारी किया गया वह पूरी तरह नियम के विरुद्ध है। जांच समिति ने कहा कि भर्ती प्रक्रिया के लिए साक्षात्कार होने के बाद अगस्त, 2011 में विज्ञापन में संशोधन जारी किया गया। नियमानुसार यदि संशोधन करना आवश्यक था तो पूरी प्रक्रिया निरस्त कर फिर से आवेदन मंगाए जाने थे लेकिन ऐसा नहीं किया गया। समिति के अनुसार उच्च शिक्षा विभाग के भर्ती नियमों के मुताबिक अनुभव योग्यताएं, जो पारंपरिक रूप से पदोन्नति के लिए भी स्वीकार की जाती हैं, से अलग योग्यताओं की व्याख्या या स्पष्टीकरण लोक सेवा आयोग द्वारा जारी किया गया।
RSS का नाम भी आया सामने-
जिस समय यह भर्ती प्रक्रिया चली उस दौरान प्रोफेसर पीके जोशी मध्य प्रदेश लोक सेवा आयोग के अध्यक्ष थे। उनका कार्यकाल 13 जून 2006 से 28 सिंतबर, 2011 तक था। आयोग के तत्कालीन अध्यक्ष को राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ की पृष्ठभूमि का माना जाता है। उच्च शिक्षा विभाग के सूत्र नाम न बताने की शर्त पर जानकारी देते हैं कि चयनित कई उम्मीदवार भी संघ की पृष्ठभूमि से जुड़े हैं।
भारत में रहने के लिए मुसलमानों को अपनाना होगा हिन्दू धर्म : विश्व हिंदू परिषद्
भारत में रहना है तो “जय श्री राम” कहना है । यह नारा सुने आपको काफी समय हो गया होगा । विश्व हिंदू परिषद् ने इस नारे की आवाज फिर बुलंद करते हुए नया विवाद खड़ा कर दिया है । विश्व हिंदू परिषद् ने कहा है कि ” मुस्लिमों को अगर भारत में रहना है तो हिन्दू धर्म अपनाना होगा”
Newbuzzindia: न्यूज वेबसाइट Coastaldigest.com की रिपोर्ट के मुताबिक विश्व हिंदू परिषद के ज्वाइंट सेक्रेट्री सुरेंद्र कुमार जैन ने रविवार को ‘हिंदू जाया घोष’ मीटिंग में मुसलमानों के खिलाफ अपने कट्टरपंथी विचारधारा का प्रदर्शन करते हुए सभी मुसलमानों को हिंसक बताया और कहा, ‘मुस्लिमों में कुछ ऐसे ग्रुप हैं, जो कि एक दूसरों को नफरत करते हैं। सुन्नी शियाओं को मारते हैं और शिया सुन्नियों को मारते हैं।
मुस्लिम देशों में कोई शांति नहीं है। दुर्भाग्यवश, वे लोग इस देश में भी शांति भंग करना चाहते हैं।’ साथ ही जैन ने मुस्लिमों से कहा कि उनके पैतृक हिंदू ही थे। अगर वे इस्लाम को छोड़कर हिंदू धर्म अपना लेते हैं तो विश्व हिंदू परिषद उनकी पूरी सुरक्षा करेगा। अगर मुस्लिम भारत में रहना चाहते हैं तो मुस्लिमों को पैंगबर मोहम्मद की जगह, श्रीराम के रास्तों पर चलना होगा।’
गौरतलब है कि सुरेंद्र कुमार जैन पहले भी विवादित बयान देते रहे हैं। उन्होंने अप्रैल महीने में दारुल उलूम देवबंद पर बैन लगाने की मांग की थी। जैन ने देवबंद को आतंक की फैक्ट्री करार दिया था। बता दें, दारुल उलूम देवबंद ने भारत माता की जय को मुस्लिम विरोधी बताया था। उसके बाद जैन ने फतवा जारी करने वाली मौलवी के खिलाफ देशद्रोह का मामला दर्ज करने की मांग की थी।
जाने इस लोकप्रिय हस्ती को पुलिस ने क्यों किया गिरफ्तार ।
Newbuzzindia : सलमान खान के बॉडीगार्ड शेरा की लोकप्रियता किसी से छुपी नही है । हाल ही में शेरा एक नए विवाद में फसे नजर आ रहे है । सुपरस्टार सलमान खान के बॉडीगार्ड शेरा पर डीएन नगर पुलिस स्टेशन में मामला दर्ज किया गया है. शेरा पर आरोप है कि उसने मारपीट की और बंदूक दिखाकर धमकाया.पीड़ित ने शिकायत दर्ज कराई कि सलमान के बॉडीगार्ड ने बंदूक दिखाकर धमकाया है.
शिकायतकर्ता ने यह भी आरोप लगाया कि शेरा ने उसकी गर्दन की हड्डी तोड़ी है.फिलहाल शेरा को मुंबई पुलिस पूछताछ के लिए थाने ले जा रही है. किसी भी समय उन्हें गिरफ्तार किया जा सकता है.
पिछले 17 साल से सलमान की हिफाजत कर रहे गुरमीत सिंह जॉली उर्फ शेरा आज उनके लिए एक कर्मचारी भर नहीं रह गए हैं. सलमान उन्हें अपने परिवार के सदस्य की तरह मानते हैं.कहा जाता है कि सलमान को भाई बुलाने वाले शेरा उनसे पहले भारत आने वाले हॉलीवुड स्टार्स को सुरक्षा देते थे.
सलमान को जहां पहुंचना होता है, शेरा उस जगह का एक दिन पहले ही जायजा ले लेते हैं. कई बार उन्हें रास्ता साफ करने के लिए पांच-पांच किमी तक पैदल चलना पड़ता है. बॉडी बिल्डिंग में जूनियर मि. मुंबई और जूनियर मि. महाराष्ट्र जैसे खिताब जीत चुके शेरा सलमान के साथ हर समय होते हैं.


